मिलिन्द कुमार घोरावल

1- 11 आदिवासियों की शहादत पर ग्रामीणों ने किया उनको याद
2- घोरावल पुलिस /प्रशासन ने घटनास्थल पर जाने से रोका
3- स्थानीय ग्रामीणों ने दुर्व्यवस्था पर उठाए सवाल
4-विवादित जमीन का अभी तक नहीं हो पाया है निस्तारण
आज दिनांक 17.7.2025 को घोरावल विधानसभा के उभ्भा गांव में आज के 6 साल पूर्व हुई नरसंहार की घटना जिसमें , अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की राष्ट्रीय महासचिव माननीया दिदी प्रियंका गांधी जी घटना को संज्ञान में लेते हुए सर्वप्रथम आने को तैयार हुई ,जिसमे उनकी गिरफ्तारी कर उन्हें चुनार में कैद किया गया और यह घटना राष्ट्रीय पटल पर भी चली ।उसकी बरसी के मौके पर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष रामराज सिंह गौड़ के अध्यक्षता में ग्रामीण/ आदिवासियों द्वारा मृतक आदिवासियों को श्रद्धांजलि हेतु कार्यक्रम जो हर वर्ष किया जाता है उसी के तहत गांव में सभी लोग इकट्ठा हुए ,लेकिन हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी पुलिस प्रशासन /उप जिलाधिकारी द्वारा घटनास्थल पर जाने वाले रास्ते की बेरिकेटिंग कर व प्रशासन को जगह-जगह खड़ा किया गया था । श्रद्धांजलि स्थल के पास में भी भारी मात्रा में पुलिस बल तैनात था ,जब जिला अध्यक्ष रामराज सिंह गोड़ के नेतृत्व में लोग घटनास्थल पर श्रद्धांजलि देने हेतु जाने लगे तब उपजिलाधिकारी घोरावल के साथ पुलिस प्रशासन ने रास्ते में सभी को रोक दिया और वहीं पर महामहिम राज्यपाल महोदया के नाम ज्ञापन S D M घोरावल को दिया गया,जिला अध्यक्ष रामराज सिंह गौड़ ने कहा कि पिछले वर्ष की भांति इस वर्ष भी केवल आश्वासन ही मिलेगा क्योंकि जहां पिछले वर्ष जमीन के मामले पर उपजिलाधिकारी महोदय ने आश्वासन दिया था कि निस्तारण हो जाएगा, बिजली की समस्या व नेटवर्क की समस्या पर उन्होंने अपनी बात कही थी लेकिन आज तक उस पर काम नहीं हो पाया है , वर्तमान सरकार द्वारा केवल आस्वासन पर कार्य किया जा रहा है यह सरकार गरीब /आदिवासियों की विरोधी है। आदि।कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित रहने वालों मे पी सी सी सदस्य आशुतोष कुमार दुबे,एनएसयूआई की जिला अध्यक्ष अंशु गुप्ता ,सोशल आउटरीच डिपार्टमेंट के जिला अध्यक्ष सुशील राव ,नंदलाल गौड़, बाबुन्दर गोड़ ,अनीता देवी, अतवारी ,शांति गोड़,पुष्पा देवी, लाल देई , नागेंद्र गौड़ ,रामकुमार गोड़,रामपाल सिंह गोड़,युवा नेता राजन पांडेय, रोहित भारती, रामपति गोड़,संतलाल गोड़, बसंत लाल गोड़, बाबुन्दर गोड़ , अनिल कुमार गोड़, इंद्र कुमार गोड़ ,राम सिंह गोड़ ,रविंदर गोड़ के साथ सैकड़ो की संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।










