रामप्रवेश गुप्ता

बीजपुर(सोनभद्र)म्योरपुर ब्लॉक में जल जीवन मिशन नमामि गंगे परियोजना के तहत कार्यरत मजदूरों के सब्र का बांध आखिरकार टूट गया।कार्यदायी संस्था जीवीपीआर इंजीनियरिंग कंपनी पर शोषण के गम्भीर और श्रम कानूनों के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए मजदूरों ने खम्हरिया गांव में गुरुवार से कार्य बहिष्कार कर अनिश्चितकालीन शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है।मजदूरों का आरोप है कि कंपनी उनसे गुलामों की तरह काम ले रही है।विरोध प्रदर्शन के दौरान श्रमिकों ने प्रमुख मुद्दे उठाए 08 घंटे के बजाय मजदूरों से प्रतिदिन 12 घंटे काम लिया जा रहा है।न्यूनतम वेतन से कम भुगतान और 08 घंटे से अधिक काम करने पर डबल ओवर टाइम नही मिल रहा है।साप्ताहिक अवकाश,सुरक्षा उपकरण और मेडिकल सुविधाओं की पूरी तरह अनदेखी की जा रही है कर्मचारियों के पास न तो आधिकारिक नियुक्ति पत्र है और न ही उनका भविष्य निधि काटा जा रहा है आंदोलनकारी श्रमिकों ने स्पष्ट किया है कि वे भीख नहीं अपना हक मांग रहे हैं। मजदूरों के इस न्यायोचित संघर्ष को स्थानीय जनप्रतिनिधियों का भारी समर्थन मिल रहा है।धरने पर बैठे श्रमिकों का उत्साहवर्धन करने के लिए ब्लॉक प्रमुख मान सिंह गौड़,पूर्व जिला पंचायत सदस्य केदारनाथ यादव,और ग्राम प्रधान इज्जाजत शेख पहुंचे।इसके अलावा भाजपा कार्यकर्ता ईश्वरी प्रसाद व ताराचंद गुर्जर,पूर्व ग्राम प्रधान श्री राम वियर, और शंकर दयाल विश्वकर्मा सहित दर्जनों ग्रामीणों व समाजसेवियों ने मौके पर पहुंचकर कंपनी की नीतियों की निंदा की और प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की वही मजदूरों ने दो टूक शब्दों में कहा है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं और प्रशासन लिखित आश्वासन नहीं देता तब तक यह अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।










